नैनीताल। कोटाबाग के उफनाए गुरुणी नाले में बहे बोलेरो सवार दीपक रस्तोगी का शव मंगलवार को घटना स्थल से 12 किलोमीटर दूर मिला। युवक की मौत से क्षेत्र में शोक की लहर है।
सोमवार की रात कोटाबाग के पतलिया निवासी दीपू कन्याल, अनिल बिष्ट और दीपक रस्तोगी बोलेरो से कोटाबाग लौट रहे थे। रात करीब 11 बजे चालक दीपक ने उफनाए नाले को पार करने के लिए बोलेरो नाले में उतार दी। रात में नाले के तेज प्रवाह का अंदाजा न लग पाने से तेज बहाव में बोलेरो बहने लगी। वाहन बहने के दौरान दीपू कन्याल और अनिल स्थानीय लोगों की मदद से नाले से बाहर निकल गए। दोनों ने किसी तरह अपने गांव में सूचना दी। स्थानीय पुलिस ने रात में चर्चा अभियान चलाकर दीपक की तलाश की लेकिन उसका कुछ पता नहीं चल सका।मंगलवार सुबह पुलिस और एसडीआरएफ की टीम ने फिर से दीपक की तलाश शुरू की। सुबह करीब 11 बजे दीपक का शव नाले से करीब 12 किमी दूर कमोला हेड में नाले से बरामद हुआ। दीपक के गांव वालों के अनुसार पहले भी दीपक दुर्घटनाओं का शिकार होने के बावजूद मौत के मुंह से वापस आ गया था, लेकिन इस बार वह मौत से हार गया। दीपक की मौत की सूचना से परिजनों में कोहराम मचा हुआ है। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।











