उधम सिंह नगर। रुद्रपुर में साइबर ठगी का नया मामला सामने आया है। यहां दो युवकों ने उद्यम और कारोबार शुरू करने के नाम पर एक बारबर के हल्द्वानी में उसके नाम पर दो बैंकों में खाते खुलवा दिए। बैंक ने जब उसके खाते से करीब तीन करोड़ का लेनदेन होने की सूचना दी तो बारबर के होश उड़ गए। बराबर की तहरीर पर पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया। एसटीएफ की टीम ने दोनों को देहरादून से गिरफ्तार किया है।
कोतवाली के ग्राम मलसी निवासी फुरकान ने साइबर क्राइम पुलिस को दी तहरीर में बताया कि वह मेट्रोपोलिस मॉल में जावेद हबीब के सैलून में बारबर है। बगवाड़ा में रहकर ई-रिक्शा चलाने वाले सागर ने छह महीने पहले उसकी मुलाकात संदीप और हरजिन्दर सिंह निवासी ग्राम अर्जुनपुर रुद्रपुर से कराई थी। सागर ने बताया था कि दोनों ऑनलाइन कारोबार के नाम पर खाते खुलवाते हैं। आर्थिक तंगी के चलते वह खाता खुलवाने के लिए राजी हो गया। संदीप, हरजिंदर और एक दूसरे युवक के साथ उससे मॉल में मिला था।संदीप ने व्यापार के लिए उद्यम प्रमाणपत्र/एग्रीमेंट बनाने व व्यापार शुरू करने का कार्य करवाने की बात कही थी। वाहनों के सीट कवर बनवाने के व्यापार के लिए वह खाते खुलवाने के लिए संदीप और हरजिंदर के साथ उनकी कार से हल्द्वानी गया था। हल्द्वानी में उद्यम कार्यालय से दोनों ने उसका उद्यम प्रमाणपत्र और एग्रीमेंट बनाया था। इसके बाद वे हल्द्वानी स्थित एसबीआई में ले गए थे।वहां उसका फुरकान इंटरप्राइजेज नाम से खाता खुलवाया गया था। इसके बाद कैनरा बैंक में खाता खुलवाया। इसी दिन उनके आधार कार्ड से आरोपियों ने चोरी छिपे सिम खरीदकर अपने पास रख लिए थे। इस नंबर को उनके बैंक खातों में भी अंकित कराया गया था।करीब एक सप्ताह बाद दोनों उसे फिर से हल्द्वानी ले गए थे। बैंकों ने पासबुक, चेकबुक, एटीएम कार्ड दिया था। इन्हें भी आरोपियों ने चोरी-छिपे अपने पास रख लिया था। बैंक से मिली चेकबुक के कई चेकों पर दोनों ने बहला फुसलाकर उससे हस्ताक्षर करवा लिए थे। एक दिन एसबीआई से पता चला कि उसके खाते में करीब तीन करोड़ का लेनदेन हुआ है। पूछने पर संदीप और हरजिन्दर ने गालीगलौज की। बैंक ने बताया कि उसके खाते से जालसाजी हुई है। इसके बाद पुलिस ने केस दर्ज किया।साइबर क्राइम स्टेशन प्रभारी अरुण कुमार ने बताया कि एसटीएफ ने देहरादून से दोनों आरोपियों को गिरफ्तार किया है। बताया कि फुरकान के एसबीआई और कैनरा बैंक के खातों का गिरोह ने देश के विभिन्न राज्यों में ठगी की घटनाओं में इस्तेमाल किया है। एसबीआई के खाते के खिलाफ देशभर में 32 शिकायतें दर्ज हैं। कैनरा बैंक के खाते के खिलाफ भी 28 शिकायतें दर्ज हैं











