रामनगर: भारत मे विलुप्त होने की कगार पर खड़े गिद्धों पर कॉर्बेट टाइगर रिज़र्व अध्ययन करेगा। इसके लिए पार्क प्रशासन और वर्ल्ड वाइड फण्ड फ़ॉर नेचर और भारतीय वन्य जीव संस्थान के साथ मिलकर गिद्धों पर शोध करेंगे। जिससे गिद्धों के रहन सहन, भोज्य शैली, वास स्थल आदि का पता चल सकेगा। समस्त जानकारी पता लगने के बाद पार्क प्रशासन गिद्धों को बचाने के लिए हर संभव करेगा। कॉर्बेट टाइगर रिज़र्व के निदेशक डॉ साकेत बडोला ने बताया कि गिद्धों को बचाने के लिए रिज़र्व प्रशासन शोध की ओर अग्रसर हैं। इसमें गिद्धों की पसंदीदा स्थल, खानपान, रहनसहन समेत तमाम जानकारियां एकत्र की जायेगी। इसके उपरांत गिद्धों के पसंदीदा स्थल को उनके संरक्षण के लिये विकसित किया जाएगा। उन्होंने बताया कि पिछले सालों में गिद्धों के आवागमन और उनके रहनसहन को जानने के लिए दो गिद्धों पर रेडियो कॉलर लगाए गए थे। जिससे उनके बारे में काफी रोचक जानकारियां प्राप्त हुई हैं।










