पूर्व सैनिकों को बताया ‘भूतपूर्व नहीं, अभूतपूर्व’, शहीद आश्रितों की अनुग्रह राशि 50 लाख करने समेत सरकार के फैसले गिनाए
हल्द्वानी। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को हल्द्वानी में आयोजित ‘गौरव सेनानी मिलन एवं पूर्व सैनिक सम्मान समारोह’ में पूर्व सैनिकों, वीरांगनाओं और सैनिक परिवारों को सम्मानित किया। समारोह में कुमाऊं मंडल के विभिन्न क्षेत्रों से बड़ी संख्या में पूर्व सैनिक एवं उनके परिजन शामिल हुए।
मुख्यमंत्री ने पूर्व सैनिकों और वीरांगनाओं को नमन करते हुए कहा कि सैनिक अपने जीवन का स्वर्णिम समय राष्ट्र की रक्षा और सेवा में समर्पित करता है। सैनिक कभी पूर्व या भूतपूर्व नहीं होता, वह जीवनभर सैनिक रहता है। उन्होंने पूर्व सैनिकों को ‘भूतपूर्व नहीं, अभूतपूर्व’ बताते हुए कहा कि उनके अनुशासन, राष्ट्रभक्ति और अनुभव से समाज एवं राष्ट्र को निरंतर दिशा मिलती है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वह स्वयं सैनिक के पुत्र हैं और सैनिक परिवारों के त्याग व संघर्ष को भली-भांति समझते हैं। उत्तराखंड देवभूमि के साथ वीरभूमि भी है। दरबान सिंह नेगी, गबर सिंह नेगी से लेकर जनरल बीसी जोशी और जनरल बिपिन रावत तक इस धरती ने देश को अनेक वीर सपूत दिए हैं।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश की रक्षा व्यवस्था और सैन्य शक्ति मजबूत हुई है। भारत रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की ओर तेजी से बढ़ रहा है और स्वदेशी रक्षा उपकरणों के निर्माण के साथ रक्षा उत्पादों का निर्यात भी कर रहा है।
शहीद आश्रितों को अब 50 लाख की अनुग्रह राशि
मुख्यमंत्री ने सैनिकों के कल्याण के लिए राज्य सरकार के फैसलों की जानकारी देते हुए कहा कि शहीद सैनिकों के आश्रितों को दी जाने वाली अनुग्रह राशि 10 लाख से बढ़ाकर 50 लाख रुपये कर दी गई है। परमवीर चक्र विजेताओं की एकमुश्त अनुदान राशि भी 50 लाख से बढ़ाकर दो करोड़ रुपये की गई है।
बलिदानी सैनिक के परिवार के एक सदस्य को सरकारी सेवा में सेवायोजित करने के लिए आवेदन की समय-सीमा दो वर्ष से बढ़ाकर पांच वर्ष की गई है। सेवारत और पूर्व सैनिकों को 25 लाख रुपये तक की अचल संपत्ति खरीदने पर स्टांप शुल्क में 25 प्रतिशत की छूट भी दी जा रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि देहरादून के गुनियाल गांव में सैन्य धाम का निर्माण लगभग पूरा हो चुका है। यह उत्तराखंड के वीर सैनिकों के शौर्य, त्याग और बलिदान का प्रतीक बनने के साथ नई पीढ़ी को राष्ट्रसेवा की प्रेरणा देगा।
नितिन नवीन बोले- वीरों की भूमि है उत्तराखंड
भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन ने कहा कि उत्तराखंड की धरती वीरों की भूमि है और यहां के सैनिकों का देश की रक्षा में अतुलनीय योगदान रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारतीय सेना आधुनिक और सशक्त हुई है तथा भारत रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।
सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने कहा कि राज्य सरकार पूर्व सैनिकों, वीरांगनाओं और सैनिक परिवारों के कल्याण के लिए प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। सैनिकों एवं उनके आश्रितों की शिक्षा, रोजगार और अन्य सुविधाओं से जुड़ी योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू किया जा रहा है।
कार्यक्रम में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवं राज्यसभा सांसद महेंद्र भट्ट, सांसद अजय भट्ट, कैबिनेट मंत्री राम सिंह कैड़ा, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रताप बिष्ट, कार्यक्रम संयोजक सुरेश भट्ट, ध्रुव रौतेला, पूर्व मेयर जोगेंद्र रौतेला सहित बड़ी संख्या में पूर्व सैनिक, वीरांगनाएं, सैनिक परिवार, जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य लोग मौजूद रहे।






