200-250 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालकर पुलिस पहुंची हत्यारोपियों तक, डंपर से आला कत्ल और मृतका का बैग बरामद
काशीपुर। धनौरी पट्टी, रामनगर रोड किनारे 20 अगस्त की सुबह 19 वर्षीय युवती का शव मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई थी। सिर पर गंभीर चोट के निशान मिलने के बाद पुलिस ने प्रथम दृष्टया हत्या की आशंका जताते हुए जांच शुरू की। एसएसपी ऊधमसिंहनगर अजय गणपति के निर्देश पर काशीपुर पुलिस ने महज 72 घंटे में ब्लाइंड मर्डर का खुलासा करते हुए डंपर चालक समेत दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस के अनुसार, हत्यारोपियों तक पहुंचने के लिए टीमों ने मृतका के घर से घटनास्थल तक के संभावित रास्तों को चिन्हित कर करीब 200 से 250 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर चैती मेला रोड से चीमा चौराहा, रामनगर रोड, केलामोड़ होते हुए ओंकार स्टोन क्रेशर की ओर जाने वाले डंपर को संदिग्ध पाया गया। इसके बाद डंपर संख्या UK15CA-1437 की जांच शुरू की गई।
मोबाइल और सीसीटीवी ने खोली राज की परतें
विवेचना के दौरान पुलिस ने मृतका और संदिग्ध व्यक्तियों के मोबाइल नंबरों की सीडीआर और लोकेशन का विश्लेषण किया। पुलिस के मुताबिक, घटना से कुछ समय पहले मृतका की लोकेशन चैती मैदान के पास मिली थी। उसने सुबह करीब 4:35 बजे चैती रोड से चीमा चौराहा जाने के लिए रैपिडो बुक की थी, जिसे तीन मिनट बाद ही रद्द कर दिया गया।
इसके बाद मृतका का मोबाइल गुलजारपुर क्षेत्र में डंपर चालक छोटे को सड़क पर पड़ा मिला। मोबाइल फ्लाइट मोड में था। पुलिस ने मोबाइल, सीसीटीवी और अन्य तकनीकी साक्ष्यों को जोड़ते हुए जांच आगे बढ़ाई तो संदिग्ध डंपर और उसके चालक तक पहुंच गई।
डंपर में बैठी युवती, विरोध करने पर कर दी हत्या
डंपर मालिक से पूछताछ में सामने आया कि घटना के समय डंपर चालक राजू पुत्र ललित वाहन चला रहा था और उसके साथ सुमित पुत्र राजू मौजूद था। पुलिस की पूछताछ में दोनों ने घटना में अपनी संलिप्तता स्वीकार की।
पुलिस के मुताबिक, पूछताछ में राजू ने बताया कि 20 अगस्त की सुबह वह सुमित के साथ खनिज सामग्री लेने क्रेशर की ओर जा रहा था। चैती मैदान के पास युवती ने डंपर रुकवाया और दोनों ने उसे वाहन में बैठा लिया। कुछ आगे जाने के बाद राजू ने सुमित को डंपर चलाने को कहा और खुद युवती के पास बैठ गया।
पुलिस के अनुसार, एकांत स्थान पर राजू ने युवती के साथ जबरदस्ती करने का प्रयास किया। विरोध करने और पुलिस में शिकायत करने की बात कहने पर युवती ने राजू के हाथ में दांत काट लिया। आरोप है कि इसके बाद राजू ने डंपर में रखे लोहे के हुक से युवती के सिर पर कई वार कर दिए। गंभीर चोट लगने से उसकी डंपर के अंदर ही मौत हो गई।
इसके बाद दोनों आरोपियों ने शव को सड़क किनारे फेंक दिया और क्रेशर की ओर चले गए।
पुलिस को गुमराह करने के लिए मोबाइल सड़क पर रखा
पुलिस के मुताबिक, घटना के बाद मृतका का मोबाइल डंपर में ही रह गया था। आरोपियों ने पुलिस को गुमराह करने और मोबाइल किसी अन्य व्यक्ति के हाथ लगने पर जांच की दिशा बदलने के इरादे से मोबाइल को ओंकार स्टोन क्रेशर से पहले सड़क पर रख दिया था। हालांकि सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल लोकेशन, सीडीआर और अन्य तकनीकी साक्ष्यों ने आरोपियों की साजिश की कड़ियां जोड़ दीं।
डंपर से मिला आला कत्ल, बैग और दस्तावेज बरामद
23 अगस्त को पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर डंपर को कब्जे में लिया। आरोपियों की निशानदेही पर डंपर के अंदर से घटना में प्रयुक्त लोहे का हुक बरामद किया गया। इसके अलावा मृतका का बैग भी मिला, जिसमें आधार कार्ड, बैंक पासबुक और आयुष्मान कार्ड थे। पुलिस ने घटना के समय आरोपियों द्वारा पहने गए कपड़े भी बरामद किए हैं।
गिरफ्तार आरोपी:
राजू पुत्र ललित, निवासी कचनालगुसाई, थाना आईटीआई, ऊधमसिंहनगर, उम्र 39 वर्ष।
सुमित पुत्र राजू, निवासी धनौरी पट्टी लक्ष्मीपुर, थाना काशीपुर, ऊधमसिंहनगर, उम्र 19 वर्ष।
बरामदगी: डंपर संख्या UK15CA-1437, लोहे का हुक, मृतका का मोबाइल फोन, बैग, आधार कार्ड, बैंक पासबुक, आयुष्मान कार्ड और आरोपियों के घटना के समय पहने कपड़े।
एसएसपी अजय गणपति ने कहा कि ऊधमसिंहनगर पुलिस अपराधियों के खिलाफ पूरी सख्ती से कार्रवाई कर रही है। अपराधी कितना भी शातिर क्यों न हो, कानून की पकड़ से बच नहीं सकता। कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों के खिलाफ कठोर वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।






