हल्द्वानी। कैंप कार्यालय में जनता मिलन कार्यक्रम के दौरान आयुक्त कुमाऊं/सचिव मुख्यमंत्री दीपक रावत ने लोगों की समस्याओं को सुना और समाधान किया।
जनसुनवाई में भगीरथी जोशी के साथ वित्तीय धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। प्रारंभिक जांच में पता चला कि इस धोखाधड़ी में एक संगठित गिरोह संलिप्त है, जिसमें हल्द्वानी के एक चार्टर्ड अकाउंटेंट, बैंक के मैनेजर सुनील कुमार और गाजियाबाद स्थित वित्तीय कंपनी ‘फाइनेंस केयर’ के प्रमुख अंकुर अग्रवाल शामिल हैं। आरोप है कि महिला की संपत्ति को 2 करोड़ 58 लाख में बेचकर लोन के रूप में प्राप्त धनराशि को आरोपियों ने आसपास में बांट लिया। आयुक्त ने प्रकरण को गंभीरता से लिया, और अगली कार्रवाई के तहत सभी संबंधित पक्षों को पूछताछ के लिए बुलाए जाने को कहा।कहा कि जांच में दोषी पाए जाने वालों के विरुद्ध कठोर विधिक कार्रवाई की जाएगी।
विगत दिनों चंदन डायग्नोसिस में पत्रकारों के लिफ्ट में फंसने के प्रकरण को आयुक्त ने गंभीरता से लिया और इस संबंध में भवन के स्वामी को स्पष्टीकरण के साथ ही लिफ्ट के रखरखाव से संबंधित विवरण मांगे गए। आयुक्त ने मामले की गंभीरता को देखते हुए निर्देश दिए कि शहर के सभी लिफ्टयुक्त भवनों में तकनीकी रखरखाव की जांच किए जाने के निर्देश दिए।
जनसुनवाई में राष्ट्रीय खेलों में वॉलिंटियर के तौर पर कार्य करने वाले लगभग 70 लोगों का कंपनी द्वारा भुगतान नहीं किए जाने के मामले पर आयुक्त ने लोगों की समस्या सुनकर जिला क्रीड़ा अधिकारी को जांच करने के निर्देश दिए। कहा कि यदि उक्त फर्म द्वारा भुगतान नहीं किया गया है तो संबंधित फर्म के खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
जनसुनवाई में एक शिकायतकर्ता द्वारा भूमि खरीद से जुड़ी समस्या उठाई गई, जिसमें चाय बागान की लीज समाप्त होने के बावजूद भवन निर्माण की अनुमति न मिलने पर भुगतान की राशि वापस दिलाने का अनुरोध किया गया। इस पर आयुक्त ने संबंधित पक्षों को तलब कर मामले की जांच कर समाधान का आश्वासन दिया।
अन्य शिकायतों में भूमि की पैमाइश, संपत्ति धोखाधड़ी और पारिवारिक मुआवजा से संबंधित प्रकरण शामिल थे, जिनमें से अधिकांश का समाधान मौके पर किया गया।
आयुक्त ने नगर आयुक्त ऋचा सिंह को निर्देश दिए कि शहर में मिलावटखोरों के खिलाफ संयुक्त रूप से अभियान चलाया जाए और जो लोग इसमें लिप्त पाए जाएं उनके खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए। उन्होंने मुख्य मार्ग पर ठेले लगाकर लोगों द्वारा किए जा रहे अतिक्रमण पर भी चिंता व्यक्त की। जिससे आवागमन बाधित होने से जाम लगता है। उन्होंने नगर आयुक्त को निर्देश दिए कि शहर में कोई भी ठेला बिना सत्यापन व निगम में पंजीकरण के नहीं लगाया जाएगा।










